मेन्यू
समाचार खोजें...
होमSaved

तेलंगाना हाईकोर्ट ने NDPS मामले में आरोपी महिला को दी जमानत, 24 घंटे में पेशी में देरी पर राहत

तेलंगाना हाईकोर्ट ने NDPS मामले में गिरफ्तार महिला आरोपी को जमानत दी। अदालत ने मजिस्ट्रेट के सामने पेशी में देरी को महत्वपूर्ण माना। - शताब्दी मन्ना बनाम तेलंगाना राज्य

Rajan Prajapati
तेलंगाना हाईकोर्ट ने NDPS मामले में आरोपी महिला को दी जमानत, 24 घंटे में पेशी में देरी पर राहत

तेलंगाना हाईकोर्ट ने NDPS Act के तहत दर्ज एक मामले में आरोपी महिला को जमानत दे दी। अदालत ने कहा कि गिरफ्तारी के बाद आरोपी को मजिस्ट्रेट के समक्ष पेश करने में हुई देरी रिकॉर्ड पर दिखाई देती है, जिसे नजरअंदाज नहीं किया जा सकता।

यह आदेश न्यायमूर्ति के. सुजाना ने आपराधिक याचिका संख्या 3938/2026 में पारित किया।

मामले की पृष्ठभूमि

पुलिस के अनुसार, 19 फरवरी 2025 को मिली सूचना के आधार पर मियापुर बस स्टॉप पर याचिकाकर्ता, जो मामले में आरोपी संख्या-2 है, को पकड़ा गया। पुलिस ने उसके कब्जे से लगभग 63 ग्राम प्रतिबंधित पदार्थ बरामद होने का दावा किया और मियापुर थाने में मामला दर्ज।

बाद में जांच पूरी कर चार्जशीट दाखिल की गई और मामला NDPS SC No.190 of 2025 के रूप में विचाराधीन हुआ।

याचिकाकर्ता की ओर से कहा गया कि उसे झूठा फंसाया गया है। वकील ने अदालत को बताया कि गिरफ्तारी के बाद उसे 24 घंटे के भीतर मजिस्ट्रेट के सामने पेश नहीं किया गया। साथ ही, गिरफ्तारी प्रक्रिया और कानूनी प्रावधानों के पालन में गंभीर कमियां बताई गईं।

यह भी कहा गया कि वह लंबे समय से न्यायिक हिरासत में है और उसका कोई आपराधिक इतिहास नहीं है।

Read also:- सुप्रीम कोर्ट ने कहा- आर्बिट्रेशन की सीट बदली नहीं जा सकती, श्रीनगर कोर्ट को ही अधिकार क्षेत्र

राज्य की ओर से अतिरिक्त लोक अभियोजक ने जमानत का विरोध किया। उन्होंने कहा कि मामला व्यावसायिक मात्रा (commercial quantity) से जुड़ा है, इसलिए NDPS Act के कड़े प्रावधान लागू होते हैं। अभियोजन ने कहा कि जांच में पर्याप्त सामग्री मिली है और इस चरण पर राहत नहीं दी जानी चाहिए।

हाईकोर्ट ने रिकॉर्ड देखने के बाद कहा कि आरोपी को गिरफ्तारी के बाद निकटतम मजिस्ट्रेट के सामने पेश करने में पांच घंटे से अधिक की अतिरिक्त देरी दिखाई देती है।

अदालत ने सुप्रीम कोर्ट के फैसले Prabir Purkayastha v. State (NCT of Delhi) का हवाला देते हुए कहा,

“यदि आरोपी को 24 घंटे के भीतर मजिस्ट्रेट के समक्ष पेश नहीं किया जाता, तो ऐसी हिरासत संवैधानिक सुरक्षा के विपरीत मानी जा सकती है।”

इन परिस्थितियों को देखते हुए हाईकोर्ट ने याचिका स्वीकार करते हुए आरोपी महिला को जमानत दे दी।

अदालत ने निर्देश दिया कि याचिकाकर्ता ₹25,000 के निजी मुचलके और दो जमानतदार पेश करेगी। साथ ही उसे आठ सप्ताह तक प्रत्येक सोमवार सुबह 11 बजे संबंधित SHO के सामने उपस्थित होना होगा या आगे आवश्यकतानुसार जांच में सहयोग करना होगा।

Case Details

Case Title: Shatabdi Manna v. State of Telangana

Case Number: Criminal Petition No.3938 of 2026

Judge: Justice K. Sujana

Decision Date: 02 April 2026

Mobile App

Take CourtBook Everywhere

Access your account on the go with our mobile app.

Install App
CourtBook Mobile App

More Stories