मेन्यू
समाचार खोजें...
होमSaved

सुप्रीम कोर्ट ने जांच में खामियों पर उठाए सवाल, असम के बहु-आरोपी हत्या मामले में सभी 16 आरोपियों को किया बरी

सुप्रीम कोर्ट ने असम के एक आपराधिक मामले में जांच की खामियों के चलते 16 आरोपियों को बरी कर दिया और पुलिस प्रक्रिया पर सवाल उठाए। - सादेक अली (@ मोहम्मद सादेक अली और अन्य बनाम असम राज्य और अन्य

Rajan Prajapati
सुप्रीम कोर्ट ने जांच में खामियों पर उठाए सवाल, असम के बहु-आरोपी हत्या मामले में सभी 16 आरोपियों को किया बरी

नई दिल्ली में आज सुनवाई के दौरान सुप्रीम कोर्ट ने एक अहम फैसले में असम से जुड़े बहु-आरोपी हत्या मामले में सभी अपीलकर्ताओं को बरी कर दिया। अदालत ने कहा कि जांच की खामियों ने पूरे मामले को कमजोर कर दिया।

मामले की पृष्ठभूमि

यह मामला 16 लोगों के खिलाफ दर्ज एक आपराधिक केस से जुड़ा था, जिसमें गंभीर आरोप लगाए गए थे। ट्रायल कोर्ट ने 12 आरोपियों को दोषी ठहराते हुए विभिन्न धाराओं—हत्या, हत्या का प्रयास और अन्य अपराधों-में सजा सुनाई थी। बाद में हाई कोर्ट ने भी इस फैसले को बरकरार रखा।

हालांकि, अपीलकर्ताओं की ओर से यह दलील दी गई कि प्राथमिकी (FIR) घटना के तीन दिन बाद दर्ज की गई थी, जिससे संदेह पैदा होता है कि आरोप सोच-समझकर लगाए गए। साथ ही, गवाहों के बयान एक-दूसरे से मेल नहीं खाते थे और जांच में कई जरूरी प्रक्रियाओं का पालन नहीं किया गया।

सुनवाई के दौरान सुप्रीम कोर्ट ने जांच की प्रक्रिया पर गंभीर टिप्पणी की। अदालत ने पाया कि:

  • गवाहों के बयान में स्पष्ट विरोधाभास थे
  • जब्त किए गए हथियारों की फॉरेंसिक जांच नहीं कराई गई
  • कथित घायल गवाहों की चोटों का कोई पुख्ता प्रमाण नहीं था
  • धारा 161 के तहत गवाहों के बयान दर्ज करने में भी लापरवाही हुई

अदालत ने कहा,

“एक खराब जांच या पूर्व-नियोजित जांच, दोनों ही आपराधिक न्याय प्रणाली के लिए घातक हैं, खासकर तब जब निर्दोष लोगों के फंसने की संभावना हो।”

कोर्ट ने विशेष रूप से इस बात पर चिंता जताई कि घटना की सूचना मिलने के तुरंत बाद पुलिस मौके पर पहुंची, लेकिन विधि अनुसार जांच शुरू नहीं की गई।

अदालत ने यह भी कहा कि जांच अधिकारी ने कई जरूरी कदम नहीं उठाए, जिससे पूरे मामले की विश्वसनीयता पर असर पड़ा।

“यह दुर्भाग्यपूर्ण है कि उचित प्रक्रिया का पालन नहीं किया गया, जिसके कारण पूरा मामला प्रभावित हुआ,”

कोर्ट ने टिप्पणी की।

सुप्रीम कोर्ट ने सभी अपीलों को स्वीकार करते हुए आरोपियों को बरी कर दिया। साथ ही, जिन आरोपियों को जमानत मिली हुई थी, उनके जमानत बांड भी रद्द कर दिए गए।

case details

Case Title: Sadek Ali @ Md. Sadek Ali and Another vs The State of Assam and Another

Case Number: Criminal Appeal No. 558 of 2021 (along with connected appeals: 850/2021, 1264/2021, 1428/2021, 1096/2021, 852/2022, 266/2023, and SLP (Crl.) Diary No. 46790 of 2024)

Judges: Justice Sanjay Kumar and Justice K. Vinod Chandran

Decision Date: April 28, 2026

Mobile App

Take CourtBook Everywhere

Access your account on the go with our mobile app.

Install App
CourtBook Mobile App

More Stories